अब तक पेट न भरा तुम्हारा ?…

हजारों लाखों मजदूर, जो मज़े से बसों मे बैठे गपीया रहे, हसी मज़ाक कर रहे होते हैं, रिपोर्टर के पहुंचने पर रोनी सूरत बना लेते हैं, और तुरंत रटा हुआ जवाब सुना देते हैं,

“खाने को कुछ नहीं”… अबे ससुर तुम देश खा गए, पूरा देश का बजट तुम लोगों को ध्यान मे रखकर बनता है, अब तक पेट न भरा तुम्हारा?…

Authors

Leave a Reply

%d bloggers like this: