झूठ और फरेब की दुनिया

झूठ और फरेब की दुनिया में,
इस रिश्ते में बस सच्चाई है,
तुम्हारे अंदर हजारो खामियां हो,
उसके लिए वो भी अच्छाई है।

बिना शर्तों पे दस्तकत किए ,
उसने सारी पूरी करके दिखाई हैं,
वक़्त से फर्क नहीं पड़ा उसे,
उसने हर हाल में यारी निभाई है।

बिना शर्तों के होता है,
मतलब बस एक दूसरे की खुशी से होता है,
और दोस्ती निभाने की शिद्दत है जिसमे,
उसके होते दिल कभी नहीं रोता है।

उसका होने से पहले कुंडली नहीं मिलाते ,
फिर भी रिश्ता उम्र भर निभाया जाता है,
रास्ते अलग हो जाए फिर भी,
जीत का ख्वाब साथ सजाया जाता है।

– अंजली कश्यप

झूठ और फरेब की दुनिया में

दोस्तीकुछ अंशपरिवार

News

Leave a Reply

%d bloggers like this: